छत्तीसगढ़ शासन के गृह विभाग ने राज्य पुलिस सेवा के संवर्ग में बड़ा प्रशासनिक निर्णय लेते हुए 12 पुलिस अधिकारियों को उच्च पद पर पदोन्नत किया है। जारी किए गए आधिकारिक आदेश के अनुसार, इन सभी 12 अफसरों को उप पुलिस अधीक्षक यानी डीएसपी रैंक से पदोन्नति देकर अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक यानी एडिशनल एसपी बनाया गया है। राज्य पुलिस महकमे में लंबे समय बाद हुए इस स्तर के प्रमोशन को अधिकारियों के करियर विकास और संगठनात्मक ढांचे दोनों के दृष्टिकोण से अत्यंत अहम माना जा रहा है।
गृह विभाग का आधिकारिक आदेश और पदोन्नति प्रक्रिया
गृह विभाग द्वारा जारी आदेश में यह स्पष्ट किया गया है कि पुलिस महकमे में पदोन्नति की यह कवायद पूरी तरह से विभागीय सेवा नियमों, अनुभव और सेवा रिकॉर्ड के आधार पर संपन्न की गई है। राज्य पुलिस सेवा के अंतर्गत अधिकारियों को उनके कार्य प्रदर्शन, वरिष्ठता और तय प्रशासनिक मापदंडों के मूल्यांकन के उपरांत ही डीएसपी पद से एडिशनल एसपी पद की उच्च जिम्मेदारी सौंपी जाती है। इस आदेश के अमल में आने के बाद पदोन्नत अफसरों का पदनाम बदल गया है और वे अब विभाग में उच्च प्रशासनिक भूमिका का निर्वहन करेंगे।
नई पदस्थापना और कार्यक्षेत्र को लेकर आदेश का इंतजार
पदोन्नति का आदेश सार्वजनिक होने के बाद अब सभी की निगाहें इन 12 अधिकारियों की नई पोस्टिंग पर टिकी हुई हैं। गृह विभाग ने स्पष्ट किया है कि अधिकारियों की पदोन्नति के साथ ही उनकी पदस्थापना सूची जारी नहीं की गई है, बल्कि नई पोस्टिंग का आदेश अलग से निकाला जाएगा। जब तक वह आदेश सामने नहीं आता, तब तक यह तय होना बाकी है कि इन अफसरों को राज्य के किन जिलों, संभागों अथवा पुलिस मुख्यालय की किन विशेष इकाइयों में तैनात किया जाएगा।
कानून-व्यवस्था और प्रशासनिक जिम्मेदारियों का विस्तार
अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक का पद मैदानी स्तर पर कानून व्यवस्था बनाए रखने, अपराध नियंत्रण, विवेचना की निगरानी और विभागीय समन्वय में निर्णायक भूमिका निभाता है। नई पदस्थापना आदेश जारी होने के बाद इन पदोन्नत अधिकारियों को विभिन्न संवेदनशील जिलों में अपराधों की रोकथाम, पुलिसिंग को चुस्त-दुरुस्त करने और फील्ड प्रशासन को सुदृढ़ बनाने की महत्वपूर्ण जवाबदेही सौंपी जा सकती है। जिलों और इकाइयों में इन अधिकारियों की तैनाती से पुलिसिंग तंत्र में प्रशासनिक स्तर पर व्यापक फेरबदल देखने को मिलेगा।
























