अंतरराष्ट्रीय मुद्रा बाजार में अमेरिकी डॉलर की चौतरफा मजबूती के चलते जापानी येन पर दबाव देखा जा रहा है। मंगलवार के कारोबारी सत्र में अमेरिकी डॉलर के मुकाबले जापानी येन कमजोर हुआ, जिससे USD/JPY विनिमय दर बढ़कर 155.00 के महत्वपूर्ण स्तर के करीब पहुंच गई। दिन के कारोबार में इस मुद्रा जोड़ी में 0.41% की बढ़त दर्ज की गई। यह तेजी पिछले सप्ताह 153.00 से नीचे के स्तरों तक लुढ़कने के बाद आई एक निरंतर रिकवरी का हिस्सा है, जिसकी मुख्य वजह अमेरिकी अर्थव्यवस्था से जुड़े उत्साहजनक आंकड़े और नीतिगत सख्ती के कड़े संकेत हैं।
अमेरिकी रोजगार आंकड़ों ने बढ़ाई नीतिगत सख्ती की संभावना
अमेरिकी केंद्रीय बैंक फेडरल रिजर्व द्वारा आगामी नीतिगत बैठक में ब्याज दरें बढ़ाने की संभावनाओं को हालिया आर्थिक आंकड़ों से बड़ा समर्थन मिला है। ब्याज दर वायदा बाजार पर नजर रखने वाले सीएमई फेडवॉच टूल के ताजा आंकड़ों के अनुसार, बुधवार को होने वाले नीतिगत फैसले में ब्याज दर में बढ़ोतरी की 92% संभावना आंकी जा रही है। मजबूत अगस्त रोजगार रिपोर्ट और हाल के महंगाई आंकड़ों ने बाजार की इस धारणा को और पुख्ता कर दिया है कि अमेरिकी केंद्रीय बैंक अपनी मौद्रिक नीति को और कड़ा करने जा रहा है।
निजी क्षेत्र के रोजगार से जुड़े आंकड़ों ने भी डॉलर के प्रति सकारात्मक माहौल तैयार किया है। एडीपी एनईआर पल्स के आंकड़ों के अनुसार, 29 अगस्त को समाप्त हुए चार हफ्तों की अवधि में अमेरिकी निजी नियोक्ताओं ने प्रति सप्ताह औसतन 16.25K नए रोजगार जोड़े। यह आंकड़ा पिछले संशोधित औसत 12.25K प्रति सप्ताह से उल्लेखनीय रूप से बेहतर है। रोजगार सृजन की इस तेज गति से यह स्पष्ट संकेत मिलता है कि अमेरिकी श्रम बाजार में अभी भी पर्याप्त रफ्तार बनी हुई है, जिससे अमेरिकी बॉन्ड यील्ड बहु-वर्षीय उच्च स्तर के करीब टिकी हुई है।
बैंक ऑफ जापान की सख्ती और कैरी ट्रेड अनवाइंडिंग से समर्थन की उम्मीद
अमेरिकी डॉलर में जारी तेजी के बावजूद जापानी येन को कई घरेलू और वैश्विक कारकों से अंतर्निहित समर्थन मिलने की उम्मीद बनी हुई है। बाजार में यह व्यापक चर्चा है कि बैंक ऑफ जापान अपनी मौद्रिक नीति को अधिक आक्रामक रूप से सामान्य बनाने की दिशा में कदम बढ़ा सकता है। इसके अलावा, वैश्विक स्तर पर येन कैरी ट्रेड के सिमटने और जापानी निवेशकों द्वारा विदेशों में रखी संपत्तियों को वापस देश में लाने के रुझान से भी येन को निचले स्तरों पर सुरक्षा कवच मिल सकता है। विश्लेषकों का मानना है कि दोनों प्रमुख केंद्रीय बैंकों के आगामी फैसलों से पहले ये कारक USD/JPY की ऊपरी बढ़त को सीमित कर सकते हैं।
स्कॉटियाबैंक के रणनीतिकारों ने मंगलवार के उत्तरी अमेरिकी सत्र के दौरान जापानी मुद्रा की स्थिति का विश्लेषण करते हुए बताया कि येन में नरमी देखी जा रही है। उन्होंने रेखांकित किया कि जापानी येन अमेरिकी डॉलर के मुकाबले 0.3% गिरा है और जी10 समूह की सभी प्रमुख मुद्राओं की तुलना में कमजोर प्रदर्शन कर रहा है। रणनीतिकारों के अनुसार, बैंक ऑफ जापान द्वारा नीतिगत दर में बढ़ोतरी की काफी हद तक उम्मीद की जा रही है और बाजार ने इसे अपने भावों में पहले ही शामिल कर लिया है। अब मुख्य जोखिम केंद्रीय बैंक के बयान के लहजे और भविष्य में दरों में बढ़ोतरी की गति को लेकर दिए जाने वाले मार्गदर्शन पर केंद्रित है, जिसमें साल के अंत से पहले एक और दर वृद्धि की संभावना को भी लगभग पूरी तरह शामिल माना जा रहा है।
तकनीकी स्तर और महत्वपूर्ण आर्थिक आंकड़ों का इंतजार
तकनीकी मोर्चे पर स्कॉटियाबैंक के विश्लेषकों ने मौजूदा स्तरों के आसपास तकनीकी समर्थन और प्रतिरोध के महत्व को रेखांकित किया है। स्कॉटियाबैंक के अनुसार, USD/JPY के लिए 153 के स्तर के आसपास का हालिया समर्थन बेहद अहम बना हुआ है, जबकि इसके नीचे 152 के करीब अतिरिक्त समर्थन की उम्मीद है। दूसरी ओर, 155 का स्तर एक मजबूत प्रतिरोध बना हुआ है, जिसे पार करना मुद्रा जोड़ी के लिए एक बड़ी चुनौती साबित हो सकता है।
बाजार का तात्कालिक ध्यान व्यापक आर्थिक विषयों पर केंद्रित है, जिनमें बाजार का समग्र रुझान और अमेरिकी फेडरल रिजर्व की मौद्रिक समीक्षा प्रमुख हैं। इसके साथ ही कारोबारी जापान के घरेलू घटनाक्रमों पर भी करीबी नजर रख रहे हैं। सप्ताह के अंत में बैंक ऑफ जापान के नीतिगत फैसले से पहले शाम 7:50 बजे ईटी पर आने वाले व्यापार संतुलन आंकड़े और शुक्रवार को जारी होने वाले उपभोक्ता मूल्य सूचकांक आधारित महंगाई आंकड़े बाजार की दिशा तय करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।
मुद्रा बाजार और अन्य संपत्तियों में हलचल
विदेशी मुद्रा बाजार के दैनिक रुझान के अनुसार, जापानी मुद्रा के प्रदर्शन में प्रमुख वैश्विक मुद्राओं के मुकाबले काफी उतार-चढ़ाव देखा गया। मंगलवार के कारोबार में जापानी येन ने न्यूजीलैंड डॉलर के मुकाबले सबसे मजबूत प्रदर्शन दर्ज किया, जबकि अमेरिकी डॉलर के मुकाबले यह दबाव में रहा। मुद्रा हीटमैप पर प्रमुख मुद्राओं की विनिमय दरों में स्पष्ट अंतर देखा गया, जहां आधार मुद्रा के रूप में येन और उद्धृत मुद्रा के रूप में अमेरिकी डॉलर के बीच का प्रतिशत बदलाव डॉलर की मजबूती को दर्शाता है।
अन्य संपत्तियों में भी अमेरिकी ब्याज दरों और कच्चे तेल की कीमतों से उपजे महंगाई जोखिम का असर देखने को मिला। मंगलवार के एशियाई सत्र में AUD/USD दबाव में रहा और 0.7150 के नीचे कारोबार करता दिखा, जो पिछले दिन छूए गए तीन सप्ताह से अधिक के निचले स्तर के करीब है। चीन के अगस्त माह के मिले-जुले आर्थिक आंकड़ों से भी ऑस्ट्रेलियाई डॉलर को कोई खास सहारा नहीं मिला। वहीं बहुमूल्य धातुओं के बाजार में सोने की कीमतों में सोमवार की गिरावट का सिलसिला आगे बढ़ा और यह 4,260 डॉलर प्रति ट्रॉय औंस के दायरे में पहुंच गया। अमेरिकी डॉलर की मजबूती, अनिश्चित अमेरिकी ट्रेजरी यील्ड और फेडरल रिजर्व की बैठक से पहले निवेशकों की सतर्कता के कारण सोने पर दबाव बना रहा।



















