पंजाब की डियर 50 रेंजर संडे लॉटरी का ड्रॉ लुधियाना में पूरा, टॉप प्राइज 21 लाख रुपये2030 तक हर साल 50 लॉन्च का लक्ष्य, पवन गोयनका ने बताया कैसे बदल रहा है भारत का स्पेस सेक्टरक्रूड ऑयल में उबाल, अमेरिका के महंगाई आंकड़ों पर टिकी बाजार की चाल, जानिए क्या कह रहे एक्सपर्ट्सकन्या राशि में बुध के गोचर से कल से 20 दिनों तक इन 8 राशियों की चमकेगी किस्मतबप्पा के प्रसाद थाली में इस बार शामिल करें मीठी चना दाल भरी पूरन पोलीपूर्व बर्धमान में दो झर्णा दास का एक जैसा आधार नंबर निकला मुसीबत की जड़, फिंगरप्रिंट से उड़े 27 हजार रुपयेमेघालय में शिक्षकों को TET पास करने के लिए मिला एक और साल, डेडलाइन बढ़कर 2028 हुई29 साल पुराना वो गाना जिसमें गोविंदा नाचे लेकिन किसी फिल्म का हिस्सा कभी नहीं बनादिल्ली में छह मंजिला इमारत जमींदोज, मजबूत मकान खड़े करने के लिए इन पांच बातों का रखें पूरा ख्यालगोलपाड़ा में अकेले जंगली हाथी के हमले में असम पुलिस जवान अमजद अली की मौत
मेघालय में शिक्षकों को TET पास करने के लिए मिला एक और साल, डेडलाइन बढ़कर 2028 हुईमेघालय
6 सित॰ 2026, 4:53 pm (28 मिनट पहले)· 2

मेघालय में शिक्षकों को TET पास करने के लिए मिला एक और साल, डेडलाइन बढ़कर 2028 हुई

मेघालय ने इन-सर्विस शिक्षकों के लिए टीचर एलिजिबिलिटी टेस्ट (TET) पास करने की समय सीमा 2027 से बढ़ाकर 2028 कर दी है, यह ऐलान शिक्षा मंत्री लखमेन रिम्बुई ने जोवाई में शिक्षक दिवस समारोह में किया।

मेघालय में बरसों से पढ़ा रहे लेकिन अब तक टीचर एलिजिबिलिटी टेस्ट (TET) पास न कर पाए शिक्षकों को एक साल की और मोहलत मिल गई है। राज्य सरकार ने इसकी अनिवार्यता की समय सीमा 2027 से बढ़ाकर 2028 कर दी है।

शिक्षा मंत्री लखमेन रिम्बुई ने यह ऐलान जोवाई के मिनथोंग स्थित जिला पुस्तकालय सभागार में आयोजित 65वें शिक्षक दिवस समारोह में किया। इस कार्यक्रम का आयोजन पश्चिम जयंतिया हिल्स के जिला स्कूल शिक्षा अधिकारी कार्यालय ने किया था।

ये भी पढ़ें

पुरानी शर्त पूरी करने के लिए मिला एक और साल

रिम्बुई ने कहा कि सरकार को पता है कि कई शिक्षक, खासकर जो बरसों से पढ़ा रहे हैं, TET की शर्त पूरी न कर पाने को लेकर चिंतित हैं। उनके मुताबिक, समय सीमा एक साल आगे बढ़ाने से इन शिक्षकों को परीक्षा देने और पास करने के लिए राहत भरा समय मिलेगा और उन्हें नियम तोड़ने का तुरंत डर नहीं रहेगा। उसी मंच से उन्होंने उन शिक्षकों को भी बधाई दी जो पहले ही मेघालय टीचर एलिजिबिलिटी टेस्ट, यानी MTET, पास कर चुके हैं और उन्हें बाकी साथियों के लिए मिसाल बताया।

शिक्षक की भूमिका पर मंत्री की सोच

मंत्री ने कहा कि जैसे-जैसे शिक्षा व्यवस्था बदली है, वैसे-वैसे शिक्षक की जिम्मेदारी भी बदली है, इसलिए शिक्षकों को लगातार सीखते और खुद को ढालते रहना चाहिए ताकि वे छात्रों की बदलती जरूरतों को समझ सकें। उन्होंने शिक्षकों से कहा कि वे बच्चों के लिए उम्मीद, प्रेरणा और हौसले का जरिया बनें, खासकर उन्हें पीयर प्रेशर से निपटना सिखाएं और उनका आत्मविश्वास बढ़ाएं। उनका कहना था कि पढ़ाई सिर्फ नंबर, सर्टिफिकेट और किताबों तक सीमित नहीं रहनी चाहिए, बल्कि इसमें छात्रों का हुनर, उनकी प्रतिस्पर्धा की क्षमता और उनकी निजी काबिलियत निखारने पर भी ध्यान देना चाहिए। रिम्बुई ने दोहराया कि सरकार शिक्षकों की समस्याएं सुलझाती रहेगी और उन्होंने स्कूली व्यवस्था से जुड़े हर व्यक्ति से मिलकर काम करने की अपील की, ताकि छात्र आगे आने वाली चुनौतियों का सामना करने लायक ज्ञान, हुनर और आत्मविश्वास लेकर निकलें।

साल के बेहतरीन शिक्षकों का सम्मान

रिम्बुई ने राज्य और जिला स्तर पर सम्मानित शिक्षकों को भी बधाई दी। इस साल जिला पुरस्कार दो शिक्षकों को मिले, थांगरेन लोअर प्राइमरी स्कूल में सहायक अध्यापिका फ्रांगकी प्रान और नारतियांग प्रेस्बिटेरियन अपर प्राइमरी स्कूल में उसी पद पर कार्यरत किसमी सुंगोह को। इसके अलावा मुखला के लिस्सी पर्ल सेकेंडरी स्कूल की लामीसाकानी डखार को स्काउट्स एंड गाइड्स में उनके योगदान के लिए बेस्ट गाइड कैप्टन अवॉर्ड दिया गया।

अफसर और छात्रों की भी रही भागीदारी

लस्केन सी एंड आरडी ब्लॉक के असिस्टेंट कमिश्नर और ब्लॉक डेवलपमेंट ऑफिसर क्यंटू शुल्लई ने भी कार्यक्रम में बोलते हुए शिक्षकों की भावी पीढ़ियां गढ़ने में भूमिका की तारीफ की। उन्होंने कहा कि शिक्षकों का योगदान सिर्फ पढ़ाई तक सीमित नहीं, बल्कि वे छात्रों में मूल्य, संवेदनशीलता, ईमानदारी और चरित्र भी गढ़ते हैं। शुल्लई ने छात्रों से कहा कि वे अपने शिक्षकों का सम्मान इस तरह करें कि जो ज्ञान और मूल्य उन्हें सिखाए गए हैं, उन्हें असल जिंदगी में उतारें और जिम्मेदार, काबिल नागरिक बनें। उन्होंने स्कूल-कॉलेजों को लगातार मदद देने और पूरे पश्चिम जयंतिया हिल्स में शिक्षा को मजबूत करने के लिए मिलकर प्रयास करने की भी अपील की।

गीत, नृत्य और धन्यवाद ज्ञापन के साथ समापन

शिक्षक दिवस का यह कार्यक्रम शिक्षकों के सम्मान में भी मनाया गया, जहां छात्रों और शिक्षकों ने उनके लिए गीत, नृत्य और कविता पाठ पेश किए। जिले भर से शिक्षा अधिकारी, शिक्षक और छात्र इस समारोह में शामिल हुए। डॉ. वा ई सा सुमेर, जो जिला स्कूल शिक्षा अधिकारी हैं, ने स्वागत भाषण दिया, जबकि अमलारेम के एसडीएसईओ डब्ल्यू. नोंगहुलू ने धन्यवाद ज्ञापन प्रस्तुत किया।

सवाल-जवाब

मेघालय के शिक्षा मंत्री ने क्या ऐलान किया?
लखमेन रिम्बुई ने बताया कि इन-सर्विस शिक्षकों के लिए TET पास करने की समय सीमा 2027 से बढ़ाकर 2028 कर दी गई है।
यह समय सीमा क्यों बढ़ाई गई?
सरकार ने कहा कि लंबे समय से सेवा दे रहे शिक्षकों की चिंता को देखते हुए उन्हें TET की शर्त पूरी करने के लिए ज्यादा समय दिया जा रहा है।
यह ऐलान कहां किया गया?
जोवाई के मिनथोंग स्थित जिला पुस्तकालय सभागार में 65वें शिक्षक दिवस समारोह में, जिसे पश्चिम जयंतिया हिल्स के जिला स्कूल शिक्षा अधिकारी कार्यालय ने आयोजित किया था।
MTET क्या है?
MTET यानी मेघालय टीचर एलिजिबिलिटी टेस्ट राज्य की अपनी परीक्षा है, और रिम्बुई ने इसे पहले ही पास कर चुके शिक्षकों को बधाई दी।
जिला पुरस्कार किसे मिले?
थांगरेन लोअर प्राइमरी स्कूल की फ्रांगकी प्रान और नारतियांग प्रेस्बिटेरियन अपर प्राइमरी स्कूल की किसमी सुंगोह को जिला पुरस्कार मिला।
बेस्ट गाइड कैप्टन अवॉर्ड किसे मिला?
मुखला के लिस्सी पर्ल सेकेंडरी स्कूल की लामीसाकानी डखार को स्काउट्स एंड गाइड्स में योगदान के लिए यह अवॉर्ड मिला।
स्वागत भाषण और धन्यवाद ज्ञापन किसने दिया?
जिला स्कूल शिक्षा अधिकारी डॉ. वा ई सा सुमेर ने स्वागत भाषण दिया, जबकि अमलारेम के एसडीएसईओ डब्ल्यू. नोंगहुलू ने धन्यवाद ज्ञापन प्रस्तुत किया।
संपादकीय नीति सुधार नीति

टिप्पणियाँ 0

अभी तक कोई टिप्पणी नहीं — पहली टिप्पणी आपकी हो!

नागरिक पत्रकारिता

TrendKia पत्रकार बनें

जनता की आवाज़

अपने आसपास की ख़बरें, तस्वीरें और वीडियो ट्रेंडकिआ के साथ साझा करें और अपनी आवाज़ देश तक पहुँचाएँ। हर नागरिक एक पत्रकार।

अभी जुड़ें
CH 01 लाइव
TrendKia TV ON AIR