हाल ही में खुले बारापुला फेज-3 कॉरिडोर पर लगातार तीन दिनों के लंबे अवकाश के बाद पहले कामकाजी दिन भारी ट्रैफिक जाम की आशंका बन गई है। पूर्वी दिल्ली और नोएडा की ओर से नई दिल्ली अथवा एम्स की तरफ जाने वाले वाहन चालकों को जाम से बचने के लिए फिलहाल पारंपरिक या पुराने वैकल्पिक मार्गों का उपयोग करने की सलाह दी जा रही है।
लंबे वीकेंड के बाद बढ़ा ट्रैफिक का दबाव
लॉन्ग वीकेंड के दौरान बारापुला फेज-3 मार्ग पर आवागमन काफी हद तक सामान्य बना रहा, लेकिन कार्यदिवस शुरू होते ही दफ्तर जाने वाले लोगों के कारण वाहनों का भारी दबाव इस कॉरिडोर पर आ गया है। इस नव-निर्मित मार्ग पर डिजिटल मैप अथवा नेविगेशन सेवाओं पर भी सटीक व त्वरित ट्रैफिक अपडेट समय पर उपलब्ध न होने के कारण चालकों के अचानक फंसने का खतरा अधिक बना हुआ है।
प्रमुख चौराहों पर ट्रैफिक पुलिस की विशेष तैनाती
संभावित जाम और वाहनों की लंबी कतारों को संभालने के लिए दिल्ली ट्रैफिक पुलिस ने सोमवार के मद्देनजर विशेष तैयारियां की हैं। कॉरिडोर के प्रमुख एंट्री और एग्जिट प्वाइंट्स पर यातायात कर्मियों की अतिरिक्त तैनाती की गई है, ताकि वाहनों का प्रवाह सुचारू रखा जा सके और किसी भी आपात स्थिति में गाड़ियों को तुरंत डायवर्ट किया जा सके।
मयूर विहार से एम्स का सफर और सुरक्षा चिंताएं
इस सिग्नल-फ्री कॉरिडोर का उद्घाटन 29 सितंबर 2026 को केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने किया था, जिसका उद्देश्य मयूर विहार से एम्स तथा दक्षिण दिल्ली के सफर को सिग्नल-फ्री और सुगम बनाना था। नोएडा से दिल्ली का सफर मात्र 15 मिनट में तय करने के वादे के साथ शुरू हुए इस रूट पर सुरक्षा से जुड़ी कुछ कमियां भी सामने आई हैं। हाल ही में कॉरिडोर के साइकिल ट्रैक पर लगे दिशा सूचक बोर्ड के निचले हिस्से से टकराने के खतरे की बात भी रेखांकित की गई थी, जिस पर प्रशासन सुधार कार्य कर रहा है।




















