बिहार के नवादा जिले के काशीचक बाजार में इन दिनों एक आम परिवार के घर उत्सव जैसा माहौल है। पटेल नगर मुहल्ले में किराना दुकान चलाने वाले मनोज प्रसाद के बेटे विपुल कुमार चार्टर्ड अकाउंटेंट यानी CA की मुश्किल परीक्षा पास करके जब घर लौटे, तो पूरा मोहल्ला उनके स्वागत के लिए उमड़ पड़ा।
ढोल-नगाड़ों और आतिशबाजी के बीच घर वापसी
घर पहुंचने पर विपुल का स्वागत किसी उत्सव से कम नहीं रहा। परिवार और मोहल्लेवासियों ने ढोल-नगाड़े बजाकर, फूल मालाएं पहनाकर और पटाखे छोड़कर उनका भव्य स्वागत किया। दहलीज पर परिजनों ने उनकी आरती उतारी और मुंह मीठा कराकर खुशी जताई। इस नजारे को देखने के लिए आसपास के तमाम लोग भी जमा हो गए।
बेटे की कामयाबी पर माता-पिता गदगद
विपुल के माता-पिता ने बताया कि उन्हें अपने बेटे पर बेहद गर्व है, जिसने अपने प्रखंड, गांव और पूरे समाज का नाम रोशन किया है। उन्होंने बताया कि गांव में विपुल पहले ऐसे युवक हैं जिन्होंने सीए जैसी कठिन परीक्षा पास की है, जबकि इलाके के किसी और गांव में अब तक कोई सीए नहीं निकला था।
कोडरमा के सैनिक स्कूल से कोलकाता तक की तैयारी
परिवार के अनुसार विपुल शुरू से ही पढ़ाई में काफी लगनशील रहे हैं। उन्होंने अपनी दसवीं तक की शिक्षा कोडरमा स्थित सैनिक स्कूल से पूरी की, इसके बाद सीए की तैयारी के लिए कोलकाता चले गए और वहीं रहकर दिन-रात जुटे रहे, जिसका नतीजा अब सबके सामने है। परिजनों का कहना है कि काशीचक प्रखंड से सीए बनने वाले विपुल पहले युवक हैं, और इसे पूरे इलाके के लिए बड़े गर्व की बात बताया जा रहा है।
बधाई देने वालों का लगा तांता
विपुल की कामयाबी की खबर फैलते ही उनके घर पर बधाई देने वालों की भीड़ लग गई। समाज के लोगों, राजनीतिक चेहरों और स्थानीय व्यापारियों ने भी उनसे मुलाकात कर उज्जवल भविष्य की शुभकामनाएं दीं।
मेहनत और अनुशासन से मिलेगी हर मंजिल
विपुल कुमार ने अपनी सफलता के पीछे अभिभावकों और गुरुजनों की मेहनत को अहम बताया। उनका मानना है कि अनुशासन और लगातार मेहनत से कोई भी लक्ष्य पाया जा सकता है। उनका कहना है कि हर छात्र को लगातार मेहनत करते रहना चाहिए, क्योंकि सफलता देर-सबेर जरूर मिलती है। एक सामान्य दुकानदार परिवार से निकलकर सीए बनने तक का यह सफर अब इलाके के तमाम युवाओं के लिए मिसाल बन गया है।




















