अमेरिकी टेनिस स्टार कोको गॉफ ने बीजिंग में जारी चाइना ओपन के दौरान कोर्ट पर घटी एक अप्रत्याशित घटना के बाद सोशल मीडिया पर खुद को निशाना बनाए जाने और नस्लीय दुर्व्यवहार का शिकार होने की बात कही है। सोलह वर्षीय चीनी खिलाड़ी सुन शिनरान के खिलाफ खेले गए इस मुकाबले में एक तकनीकी व्यवधान के बाद उपजे विवाद ने सोशल मीडिया पर बेहद आक्रामक रूप ले लिया। साल 2023 में यूएस ओपन और 2025 में फ्रेंच ओपन का खिताब जीत चुकीं विश्व की नंबर चार खिलाड़ी गॉफ ने अपने शानदार खेल के दम पर मुकाबला 7-5, 6-1 से जीतकर अंतिम 16 में जगह बनाई, लेकिन कोर्ट के बाहर उन्हें इंटरनेट पर कटु टिप्पणियों से जूझना पड़ा।
कोर्ट पर क्या हुआ था घटनाक्रम
इस मुकाबले के पहले सेट में जब चीनी प्रतिद्वंद्वी सुन शिनरान 5-4 से आगे थीं और गॉफ अपनी सर्विस कर रही थीं, तभी खेल में एक अजीबोगरीब मोड़ आया। सुन को लगा कि उन्होंने एक विनर शॉट मार दिया है और पॉइंट उनके खाते में चला गया है। ठीक उसी समय अमेरिकी खिलाड़ी ने अपना हाथ उठाकर खेल रोक दिया। गॉफ ने बताया कि कोर्ट के किनारे लगे साइड पैनल्स की एक लाइट लगातार टिमटिमा रही थी, जिससे उनका ध्यान भटक रहा था और सर्विस करने में गंभीर बाधा उत्पन्न हो रही थी।
खेल रोके जाने के बाद गॉफ ने जबर्दस्त मानसिक मजबूती दिखाते हुए अगले तीनों पॉइंट अपने नाम किए और स्कोर 5-5 से बराबर कर लिया। इसके तुरंत बाद उन्होंने पहला सेट 7-5 से जीत लिया। पहले सेट की इस कड़ी टक्कर के बाद अमेरिकी खिलाड़ी ने प्रतिद्वंद्वी को कोई मौका नहीं दिया और पूरे मैच में केवल एक गेम और गंवाते हुए दूसरा सेट 6-1 से एकतरफा अंदाज में अपने नाम कर लिया।
एक्स पर विस्तृत स्पष्टीकरण और माफी
मैच समाप्त होने के बाद गॉफ ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक लंबा संदेश लिखकर स्थिति स्पष्ट की। उन्होंने इस पूरे वाकये को एक दुर्भाग्यपूर्ण स्थिति बताया, जो पूरी तरह से उनके नियंत्रण से बाहर थी। गॉफ ने यह भी साझा किया कि उन्होंने सुन शिनरान से इस घटना को लेकर माफी मांगी थी, जिसे उनकी चीनी प्रतिद्वंद्वी ने पूरी तरह समझा और स्वीकार भी कर लिया था। दोनों खिलाड़ियों के बीच आपसी बातचीत से मामला सुलझ जाने के बावजूद कई सोशल मीडिया यूजर्स ने इसे गलत रंग देना शुरू कर दिया।
नस्लीय टिप्पणियों पर गॉफ का कड़ा प्रहार
जब उनकी इस पोस्ट के नीचे एक यूजर ने नस्लभेदी भाषा का इस्तेमाल करते हुए प्रतिक्रिया दी, तो गॉफ ने चुप रहने के बजाय सार्वजनिक रूप से जवाब देने का फैसला किया। गॉफ ने लिखा कि कोई उनसे असहमत हो सकता है या उन्हें नापसंद कर सकता है, लेकिन इसके लिए नस्लवादी भाषा का सहारा लेना कतई बर्दाश्त नहीं किया जा सकता। उन्होंने खुलासा किया कि पिछले कुछ घंटों के दौरान उन्हें जितने भी नस्लीय कमेंट्स और सीधे संदेश प्राप्त हुए हैं, वे बेहद चौंकाने वाले और असहनीय हैं। इसके साथ ही उन्होंने स्पष्ट शब्दों में यह भी कहा कि वह न तो कोई धोखेबाज हैं और न ही कोई चोर।
महिला टेनिस में ऑनलाइन उत्पीड़न की बढ़ती समस्या
महिला टेनिस सर्किट में सोशल मीडिया पर खिलाड़ियों का इस तरह उत्पीड़न का शिकार होना कोई पहली घटना नहीं है। इस तरह के मामलों की गंभीरता को देखते हुए डब्ल्यूटीए और वर्ल्ड टेनिस ने स्पष्ट किया है कि ऑनलाइन दुर्व्यवहार और उत्पीड़न की इस बढ़ती समस्या से निपटने तथा इस दिशा में उल्लेखनीय प्रगति हासिल करने के लिए सभी संबंधित पक्षों की ओर से सामूहिक कार्रवाई की अत्यंत आवश्यकता है।



















