फेडरल रिजर्व की बैठक से पहले सोने में दबाव, 4,260 डॉलर के स्तर पर फिसली कीमतेंझारखंड में 12 साल चला 20 एकड़ का झगड़ा और 13 मुकदमों का बोझ, अधिकारी की मध्यस्थता से भाइयों ने गले मिलकर खत्म की तकरारगंगटोक से डियर गणेश चतुर्थी बंपर लॉटरी के नतीजे होंगे जारी, टिकटधारकों के लिए इनाम और क्लेम की पूरी प्रक्रियाप्रो रेसलिंग रिंग के वे पांच करिश्मे जिन्हें दोहराना आज के दौर में मुमकिन नहीं दिखतानॉर्वेजियन क्रोन पर नोर्जेस बैंक का दुविधा भरा रुख और वैश्विक मुद्रा बाजारों में डॉलर का दबावअमेरिकी फेडरल रिजर्व के फैसले से पहले ऑस्ट्रेलियाई डॉलर में गिरावट, 0.7100 के करीब पहुंचा भावकल्याण से लातूर तक नया एक्सप्रेसवे घटाएगा सफर का समय, मलशेज घाट पर बनेगी आठ किलोमीटर लंबी टनलअमेरिकी बॉन्ड यील्ड और कच्चे तेल में उछाल से डॉलर हुआ मजबूत, ब्याज दरों पर केंद्रीय बैंकों के फैसलों से पहले हिले वैश्विक बाजारडिजिटल अरेस्ट से 44 लाख की ठगी में गुरुग्राम अदालत ने संदिग्ध को दी जमानत, ढीली जांच पर खाकी को लताड़ाएशियाई खेलों में पोडियम पर मोहसिन नकवी से पदक स्वीकार करने को लेकर नया विवाद, क्या पदक लेंगे भारतीय खिलाड़ी
बेकाबू कृत्रिम बुद्धिमत्ता पर लगाम कसने के लिए कैलिफोर्निया ला रहा आपातकालीन शटडाउन नियम, दो महीने में तैयार होगा खाकाअमेरिका
19 सित॰ 2026, 4:20 pm (17 मिनट पहले)· 0

बेकाबू कृत्रिम बुद्धिमत्ता पर लगाम कसने के लिए कैलिफोर्निया ला रहा आपातकालीन शटडाउन नियम, दो महीने में तैयार होगा खाका

कैलिफोर्निया के गवर्नर गेविन न्यूसम ने एडवांस एआई मॉडल्स के संभावित खतरों को देखते हुए दो महीने के भीतर सख्त सुरक्षा नियम और आपातकालीन किल स्विच तंत्र अनिवार्य करने के निर्देश दिए हैं।

आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के अभूतपूर्व विकास और तेजी से बढ़ती क्षमताओं के बीच दुनिया भर में मशीनों के नियंत्रण से बाहर जाने की आशंकाएं गहरी होने लगी हैं। इसी गंभीर परिप्रेक्ष्य में कैलिफोर्निया के गवर्नर गेविन न्यूसम ने एआई सिस्टम्स की सख्त निगरानी सुनिश्चित करने की दिशा में बड़ा प्रशासनिक फैसला लिया है। उभरती तकनीकी चुनौतियों का जिक्र करते हुए न्यूसम ने स्पष्ट किया कि मानव सभ्यता के लिए इस तकनीक को किसी भी सूरत में खतरा नहीं बनने दिया जाएगा। इसी संकल्प के साथ उन्होंने एआई सुरक्षा से जुड़े एक विशेष वर्किंग ग्रुप का गठन करते हुए उसे बेहद कम समय में एक व्यापक सुरक्षा रूपरेखा तैयार करने की जिम्मेदारी सौंपी है।

गवर्नर द्वारा गठित इस विशेषज्ञ पैनल को एडवांस फ्रंटियर मॉडल्स के नियमन हेतु कड़े नियम तय करने के लिए केवल दो महीने की समयसीमा दी गई है। विशेषज्ञों के सामने सबसे मुख्य कार्य ऐसे प्रावधान तय करना है, जिससे तकनीकी विकास के साथ सुरक्षा मानकों में कोई ढिलाई न रहे। इस पूरी नीति का केंद्र बिंदु एक आपातकालीन शटऑफ अथवा 'किल स्विच' सिस्टम स्थापित करना है। यदि कोई अत्यधिक शक्तिशाली मॉडल अप्रत्याशित या अनियंत्रित रूप अख्तियार कर ले, तो यह स्विच एक झटके में पूरे सिस्टम को बंद कर संभावित विनाशकारी नुकसान को टालने में सक्षम होगा। यह कदम तकनीकी उद्यमों द्वारा अपनी मर्जी से काम करने के दौर पर विराम लगाने का ठोस संकेत देता है, जिसके बाद तमाम बड़ी लैब्स को कड़े विनियामक दायरे से गुजरना पड़ेगा।

ये भी पढ़ें

आपातकालीन शटऑफ और स्वतंत्र ऑडिट की कड़ी व्यवस्था

प्रस्तावित नियमों के लागू होने के बाद उन्नत सॉफ्टवेयर तैयार करने वाले एआई डेवलपर्स की जवाबदेही काफी बढ़ जाएगी। हर अत्याधुनिक मॉडल के भीतर अनिवार्य रूप से एक प्रमाणित आपातकालीन शटडाउन सिस्टम जोड़ना होगा। यदि एल्गोरिदम अथवा मॉडल वास्तविक दुनिया में खतरनाक या असामान्य व्यवहार दिखाता है, तो इस तंत्र के जरिए उसे तत्काल निष्क्रिय किया जा सकेगा। संवेदनशील डिजिटल नेटवर्क, पावर ग्रिड या जरूरी बुनियादी ढांचे को अप्रत्याशित तकनीकी गड़बड़ियों से सुरक्षित रखने के लिए इसे सबसे प्रभावी सुरक्षा कवच माना जा रहा है। केवल किल स्विच लगाना ही काफी नहीं होगा, बल्कि कंपनियों को स्वतंत्र ऑडिटरों की निगरानी में इस तंत्र का नियमित परीक्षण कराकर सुरक्षा प्रमाण पत्र भी हासिल करना होगा।

एआई प्रयोगशालाओं में स्वतंत्र निगरानी अधिकारियों की नियुक्ति

अब तक के दौर में अधिकांश अग्रणी तकनीकी फर्में अपने सुरक्षा मानक और परिचालन संबंधी प्रोटोकॉल खुद ही निर्धारित करती रही हैं। प्रस्तावित दिशा-निर्देश इस स्वैच्छिक छूट को पूरी तरह से समाप्त कर सकते हैं। नए प्रावधानों की वजह से ओपनएआई, एंथ्रोपिक और गूगल डीपमाइंड जैसी प्रमुख संस्थाओं को अपने कार्य संचालन में बड़े नीतिगत बदलाव करने पड़ सकते हैं। तैयार किए जा रहे मसौदे के तहत इन कंपनियों को अपने कार्यालयों में स्वतंत्र पर्यवेक्षकों या अधिकारियों की मौजूदगी को स्वीकार करना पड़ सकता है। ये बाहरी विशेषज्ञ नए मॉडल्स के मूल्यांकन, डेटा प्रोसेसिंग और सुरक्षा परीक्षणों पर चौबीसों घंटे सीधी नजर रखेंगे, जिससे इन प्रयोगों में सार्वजनिक पारदर्शिता और जवाबदेही दोनों सुनिश्चित हो सकेगी।

राष्ट्रीय कानून के अभाव में कैलिफोर्निया बना पथप्रदर्शक

विश्व स्तर पर चर्चित सबसे बड़ी कृत्रिम बुद्धिमत्ता प्रयोगशालाओं और टेक कंपनियों का प्रमुख केंद्र कैलिफोर्निया ही है। इसके बावजूद अमेरिका में संघीय स्तर पर एआई के नियंत्रण को लेकर अब तक कोई सर्वमान्य राष्ट्रीय कानून या कड़ा ढांचा मौजूद नहीं है। फेडरल सरकार की इस सुस्त कार्यशैली को देखते हुए प्रांतीय नेतृत्व को स्वयं कड़े नियम तय करने का मार्ग चुनना पड़ा है। स्थानीय नीति-निर्माताओं का मानना है कि एल्गोरिदम के इतने तीव्र प्रसार के बीच सुरक्षा नियमों को टालना भारी पड़ सकता है। कैलिफोर्निया द्वारा तैयार की जा रही यह सुरक्षा रूपरेखा पूरे अमेरिका के लिए एक राष्ट्रीय खाके का काम करेगी, जो भविष्य के विनाशकारी जोखिमों को रोकने के साथ-साथ नवाचार और जनसुरक्षा के बीच संतुलित तालमेल स्थापित करेगी।

सवाल-जवाब

कैलिफोर्निया के गवर्नर ने एआई को लेकर क्या बड़ा कदम उठाया है?
गवर्नर गेविन न्यूसम ने एआई सुरक्षा के लिए एक विशेष वर्किंग ग्रुप गठित कर दो महीने में एडवांस मॉडल्स के लिए कड़े नियम तैयार करने के निर्देश दिए हैं।
प्रस्तावित नियमों में 'किल स्विच' का क्या महत्व है?
यह एक प्रमाणित आपातकालीन शटऑफ प्रणाली होगी जो किसी एआई मॉडल के नियंत्रण से बाहर या खतरनाक होने पर उसे तुरंत बंद कर सकेगी।
इस नए आदेश से कौन-सी प्रमुख कंपनियां प्रभावित होंगी?
इस आदेश से ओपनएआई, एंथ्रोपिक और गूगल डीपमाइंड जैसी अग्रणी एआई कंपनियां सीधे तौर पर प्रभावित होंगी।
क्या कंपनियों को बाहरी निगरानी का सामना करना पड़ेगा?
हां, नए प्रस्ताव के तहत लैब्स में स्वतंत्र अधिकारियों की तैनाती और इंडिपेंडेंट ऑडिटर्स से नियमित टेस्टिंग कराना अनिवार्य हो सकता है।
कैलिफोर्निया को अपने स्तर पर यह नियम क्यों बनाने पड़े?
अमेरिका में संघीय स्तर पर एआई को लेकर कोई सख्त राष्ट्रीय नियम न होने के कारण कैलिफोर्निया को स्वयं आगे आकर यह कदम उठाना पड़ा।
संपादकीय नीति सुधार नीति

टिप्पणियाँ 0

अभी तक कोई टिप्पणी नहीं — पहली टिप्पणी आपकी हो!

नागरिक पत्रकारिता

TrendKia पत्रकार बनें

जनता की आवाज़

अपने आसपास की ख़बरें, तस्वीरें और वीडियो ट्रेंडकिआ के साथ साझा करें और अपनी आवाज़ देश तक पहुँचाएँ। हर नागरिक एक पत्रकार।

अभी जुड़ें
CH 01 लाइव
TrendKia TV ON AIR
Chamar no WhatsApp